लखनऊ यूनिवर्सिटीः 38 केंद्रों पर होंगी वार्षिक परीक्षाएं, यहां देखें सूची

लखनऊ विश्वविद्यालय की वार्षिक परीक्षा के लिए इस साल 38 केंद्र बनाए गए हैं। बीए, बीएससी, बीकॉम, बीए ऑनर्स और बीएलएड पाठ्यक्रमों की द्वितीय और तृतीय वर्ष की परीक्षा के लिए कुल 49 हजार 72 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं

परीक्षाएं 25 फरवरी से 10 अप्रैल के बीच आयोजित हाेंगी। विवि ने पिछले साल के मुकाबले परीक्षा केंद्रों की संख्या में कोई बदलाव नहीं किया है। हालांकि माना जा रहा था कि इस साल से प्रथम वर्ष में सेमेस्टर प्रणाली लागू होने की वजह से वार्षिक परीक्षा में परीक्षार्थियों की संख्या में कमी को देखते हुए केंद्रों की संख्या कम हो सकती है।

परीक्षा नियंत्रक प्रो. एके शर्मा ने सोमवार को परीक्षा केंद्र के नामों की घोषणा कर दी। 38 में से 22 रेग्युलर कॉलेेज हैं जबकि 16 कॉलेज सेल्फ फाइनेंस के हैं। बीए द्वितीय वर्ष में 13,290, बीए तृतीय वर्ष में 12,548, बीकॉम द्वितीय वर्ष में 7,712, बीकॉम तृतीय वर्ष में 8,203, बीएससी द्वितीय वर्ष में 2,660, बीएससी तृतीय वर्ष में 2,839, बीएलएड प्रथम वर्ष में 861, बीएलएड द्वितीय वर्ष में 770, बीएससी होमसाइंस द्वितीय वर्ष में 69, बीएससी होम साइंस तृतीय वर्ष में 60, बीए ऑनर्स तृतीय वर्ष में 52 और बीए ऑनर्स द्वितीय वर्ष में चार विद्यार्थी पंजीकृत हैं। परीक्षा दो पालियों में होनी हैं।

 

सिपाही भर्ती प्रक्रिया 2018 : दो चरणों में होगा चयनित 41,520 सिपाहियों का प्रशिक्षण

शासन ने सिपाही भर्ती प्रक्रिया 2018 के तहत चयनित 41,520 सिपाहियों के प्रशिक्षण की तैयारी शुरू कर दी है। दो चरणों में होने वाले इस प्रशिक्षण के लिए डीजीपी मुख्यालय ने शासन को पत्र भेजा है। 

प्रशिक्षण निदेशालय ने 21,000 और 20,520 रंगरूटों का दो चरणों में प्रशिक्षण कराने का प्रस्ताव दिया था। इस पर डीजीपी मुख्यालय ने तय किया कि दो भागों में बांटने के बजाय पहले चरण में नागरिक पुलिस के 23,520 और दूसरे चरण में पीएसी के 18000 रंगरूटों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। सूत्रों की मानें तो यूपी पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा अंतिम सूची डीजीपी मुख्यालय को उपलब्ध कराने के बाद यहां से सत्यापन और मेडिकल चेकअप कराने के बाद नियुक्ति पत्र दिए जाएंगे। इस प्रक्रिया में एक महीने का समय लग सकता है। माना जा रहा है कि पहले चरण का प्रशिक्षण अप्रैल और दूसरे का अक्तूबर से शुरू होगा। सूत्रों के मुताबिक प्रशिक्षण के लिए दूसरे राज्यों के पुलिस प्रशिक्षण संस्थाओं से भी संपर्क किया जा रहा है। सिपाही भर्ती 2015 के 8000 रंगरूटों ने छह राज्यों में अलग-अलग फोर्स के केंद्रों पर प्रशिक्षण हासिल किया था। प्रयास है कि इस बार भी यहीं पर रंगरूटों को प्रशिक्षण कराया जाय।

सुल्तानपुर और जालौन के नए प्रशिक्षण केंद्रों का उद्घाटन 22 को
नए रंगरूटों की प्रशिक्षण प्रक्रिया शुरू करने से पहले प्रदेश को दो नए प्रशिक्षण स्कूल मिल जाएंगे। 800-800 की क्षमता वाले दोनों स्कूल सुल्तानपुर और जालौन में बनकर तैयार हैं। सूत्रों का कहना है कि इनका उद्घाटन 22 फरवरी को प्रस्तावित है। मुख्यमंत्री की हरी झंडी मिलते ही इसकी औपचारिक घोषणा की जाएगी।

36 हजार शिक्षकों को 3 माह से नहीं मिला वेतन, शैक्षिक प्रमाण पत्रों का सत्यापन नहीं होने से अटका वेतन

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लखनऊ::पुलगाम के शहीदों को लोहिया विधि विवि के छात्रों ने दी श्रद्धांजलि

डॉ. राम मनोहर लोहिया राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय के शिक्षक, कर्मचारी और छात्र-छात्रा ने पुलगाम की आतंकवादी घटना में शहीद जवानों को अपनी श्रदांजलि दी। सभी ने विश्वविद्यालय परिसर में शांति मार्च निकालकर स्पार्क प्लाजा पर मोमबत्ती जलाई। इसमें कुलपति प्रो. एसके भटनागर, प्रवक्ता डॉ. अलका सिंह, चीफ प्राक्टर एके तिवारी, विभागाध्यक्ष प्रो. संजय सिंह, डॉ. वंदना सिंह, डॉ. अर्पणा सिंह, डॉ. शशांक शेखर, डॉ. मनीष सिंह, सुरक्षा अधिकारी कर्नल अग्नि सिंह, संयुक्त सचिव डॉ. जेडी गंगवार, उपकुल सचिव दिवाकर सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।

कंपोजिट ग्रांट हड़पने वाली तीन शिक्षिकाएं निलंबित, पैसे निकाले लेकिन खरीदा कुछ नहीं

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सरकारी कर्मचारियों व शिक्षकों की हड़ताल अवैध घोषित, हाईकोर्ट ने कहा- कार्रवाई कर रिपोर्ट दें

उत्तर प्रदेश में बुधवार से शुरू हुई सरकारी कर्मचारियों व शिक्षकों की हड़ताल को इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने अवैध घोषित कर दिया है। इस संबंध में दाखिल याचिका की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने कहा कि यह हड़ताल सरकारी कर्मचारियों के सेवा आचरण नियमों के खिलाफ है। वहीं, अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे हड़ताल कर रहे कर्मचारियों की वीडियोग्राफी करवाएं और नियमानुसार कार्रवाई करें।

इस मामले में अधिवक्ता राजीव मिश्रा ने याचिका दायर की थी। याची का कहना था कि इस समय यूपी बोर्ड की परीक्षाएं शुरू चुकी हैं। इनमें लाखों विद्यार्थी शामिल हो रहे हैं। सरकारी कार्य भी चल रहे हैं। इनके बीच अचानक हड़ताल की घोषणा कर दी गई। इसे 12 तारीख तक चलाया जा रहा है। जिससे समस्त व्यवस्था पर असर पड़ सकता है।

प्रदेश सरकार ने इसे लेकर एस्मा लगा दिया है फिर भी हड़ताल की जा रही है। याची ने सुप्रीम कोर्ट के 1962 के एक आदेश का हवाला दिया, जिसमें कहा गया था कि आवश्यक अवसरों पर सरकारी कर्मचारी हड़ताल पर नहीं जा सकते।

सुबह शुरू हुई सुनवाई के बाद जस्टिस देवेंद्र कुमार अरोड़ा और जस्टिस अजय भनोट ने सरकार को दोपहर तक अपना पक्ष रखने के लिए कहा था। याची के वकील अनुराग शुक्ला के अनुसार सरकार की ओर से बताया गया है कि एस्मा लगाया गया फिर भी करीब 10 प्रतिशत कर्मचारी हड़ताल पर हैं। मामले में एक अन्य जनहित याचिका दायर की गई है, जिसकी सुनवाई शुक्रवार को की जाएगी।

कार्रवाई करते हुए एक महीने में दाखिल की जाए रिपोर्ट

सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने कहा कि निर्धारित नियमों के अनुसार यह हड़ताल अवैध है। इसे तत्काल खत्म किया जाए। इसके बाद भी जो कर्मचारी हड़ताल पर जा रहे हैं, उनकी वीडियोग्राफी करवाई जाए। इसके बाद नियमानुसार कार्रवाई करते हुए एक महीने में हाईकोर्ट में रिपोर्ट दाखिल की जाए।

यूपी बजट 2019: चुनावी वर्ष में योगी सरकार ने साधा सभी वर्गों पर निशाना, गौवंश के लिए 447 करोड़, शिक्षा ओर छात्रो के लिए भी बजट में जगह ।।

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार गुरुवार को अपना तीसरा बजट पेश किया. वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल ने 4 लाख 79 हज़ार 701 करोड़ 10 लाख रुपये का बजट पेश किया. यह बजट पिछले साल की तुलना में 12 फीसदी अधिक है.

बेसिक शिक्षा के लिए 18 हजार 485 करोड़ की व्यवस्था- ODOP के लिए 250 करोड़, मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार के लिए 100 करोड़, ग्रामीण क्षेत्रो में गौ-शाला निर्माण केलिए 247 करोड़ 60 लाख रुपये  शहरी क्षेत्रों में कान्हा गौ शाला, बेसहारा पशु आश्रय योजना के लिए 200 करोड़ रुपये, दीनदयाल उपाध्याय डेरी योजना के लिए 64 करोड़, 10 हजार नई इकाइयां स्थापित होंगी. मथुरा में डेरी के लिए 56 करोड़,  उत्तर प्रदेश दुग्ध नीति के लिए 5 करोड़ रुपये, दुग्ध संघों और समितियों के पुनर्गठन के लिए 93 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है.

आवास एवं शहरीय नियोजन– बजट में अवस्थापना सुविधाओं के विकास संबंधी कार्य के लिए 300 करोड़ रुपए की व्यवस्था कानपुर मेट्रो रेल परियोजना और आगरा मेट्रो रेल परियोजना के लिए 175-175 करोड़ों की दिए गए हैं. वाराणसी, मेरठ, गोरखपुर, प्रयागराज और झांसी में मेट्रो रेल परियोजना के प्रारंभिक कार्य के लिए 150 करोड़ की व्यवस्था की गई है जबकि दिल्ली, गाजियाबाद, मेरठ कॉरीडोर, रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम परियोजना के लिए 400 करोड़ दिए.

चिकित्सा एवं स्वास्थ्य- बजट में आयुष्मान भारत नेशनल हेल्थ प्रोजेक्ट मिशन के लिए 1298 करोड़ रुपए, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के लिए 291 करोड़, मुख्यमंत्री जन आरोग्य अभियान के लिए 111 करोड़ रुपए, प्रदेश के जनपदों में 100 शैया युक्त चिकित्सालयों की स्थापना के लिए 47 करोड़ 59 की व्यवस्था की गई.

*अल्पसंख्यक कल्याण* अल्पसंख्यक समुदाय के छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति योजना के लिए 942 करोड़ रुपए की व्यवस्था की गई है. साथ ही अरबी फारसी मदरसों के आधुनिकीकरण के लिए 459 करोड़ की दिए हैं.