सावधान : बोर्ड परीक्षा पास कराने को मांगी जा रही मोटी रकम, पैसे ना देने पर फेल करने की दी जा रही धमकी,बोर्ड सचिव ने डीजीपी से की शिकायत

UP BOARD RESULT 2019 : यूपी बोर्ड परीक्षा का अप्रैल के तीसरे सप्ताह में आएगा रिजल्ट , अधिकतर जिलों में मूल्यांकन पूरा कुछ में गिनती भर कापियां शेष।

बोर्ड परीक्षा 2019  के मूल्यांकन के दौरान कॉपियों में नोट निकलने का सिलसिला जारी

बोर्ड परीक्षा 2019 के मूल्यांकन के दौरान कॉपियों में नोट निकलने का सिलसिला जारी

यूपी बोर्ड परीक्षकों के पारिश्रमिक में 3 रुपये की बढ़ोतरी, पहली बार परीक्षकों के लिए जलपान भत्ता

लोकसभा चुनाव से पहले शिक्षक नेताओं की ओर से बनाया गया दबाव कामयाब रहा। शासन ने यूपी बोर्ड की कॉपियों के मूल्यांकन शुल्क में तीन रुपये की वृद्धि की है।
परीक्षा केंद्र, मूल्यांकन केंद्र एवं संकलन केंद्रों पर काम करने वाले प्रधानाचार्यों, शिक्षकों, तृतीय श्रेणी कर्मचारियों के पारिश्रमिक दरों में भी वृद्धि की गई है। साथ ही पहली बार मूल्यांकन केंद्र पर प्रतिदिन 20 रुपये की दर से जलपान व्यय तय किया गया है।

हाईस्कूल के परीक्षकों का प्रति कॉपी शुल्क आठ से बढ़ाकर 11 रुपये और इंटरमीडिएट के परीक्षकों का प्रति कॉपी शुल्क 10 से बढ़ाकर 13 रुपये किया गया है। उप प्रधान परीक्षक को अब प्रतिदिन 300 की जगह 400 रुपये दिए जाएंगे।
प्रयोगात्मक परीक्षक प्रति छात्र छह रुपये से बढ़ाकर आठ रुपये किया गया है। मूल्यांकन परीक्षकों की निर्धारित पारिश्रमिक सीमा 12500 प्रति परीक्षक से 20 हजार रुपये प्रति परीक्षक कर दिया गया है।

शिक्षक संगठनों ओर से बोर्ड परीक्षा एवं मूल्यांकन के पारिश्रमिक एवं भत्ते में वृद्धि की मांग लगातार कई वर्षों से चल रही थी, अब चुनावी वर्ष में सरकार ने यह मांग पूरी की है। इस बाबत शासन के संयुक्त सचिव जय शंकर दुबे की ओर से प्रदेश के शिक्षा निदेशक माध्यमिक एवं सचिव यूपी बोर्ड को पत्र भेजा गया है।

इसके अलावा शासन ने सवारी भाड़ा, प्रश्नपत्र निर्माण कार्य, प्रश्नपत्र का अंग्रेजी अनुवाद, परिमार्जन कार्य, स्थानीय विषय विशेषज्ञ का वाहन व्यय, मूल्यांकन केंद्र से संबंधित आकस्मिक व्यय, समीक्षा, अनुचित साधन निस्तारण समिति के सदस्यों के मानदेय सहित केंद्र व्यवस्थापक, अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापक, कक्ष निरीक्षक, लिपिक, बंडल वाहक, चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी, मुख्य नियंत्रक, सह उपनियंत्रक, कोठारी, तृतीय श्रेणी कर्मचारी, कक्ष नियंत्रक के भत्ते में भी बढ़ोतरी की है।

उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ चेतनारायण गुट की बैठक में फैसले का स्वागत किया गया। संघ के जिलाध्यक्ष विश्वनाथ प्रताप सिंह, मनोज कुमार सिंह ने कहा कि अब मूल्यांकन कार्य में तेजी आएगी।

यूपी बोर्डः पंद्रह दिन में जांची जाएंगी तीन करोड़ 20 लाख कॉपियां

यूपी बोर्ड हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षाओं की कॉपियों का मूल्यांकन आठ मार्च से शुरू होने जा रहा है। 15 दिनों में कुल तीन करोड़ 20 लाख कॉपियां जांचे का जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है और इसके लिए एक लाख 24 हजार 796 परीक्षकों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। यूपी बोर्ड ने अप्रैल अंत में हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा का परिणाम जारी करने की तैयारी कर रखी है।

मूल्यांकन के लिए प्रदेश में कुल 230 केंद्र बनाए गए हैं और सभी परीक्षकों की ड्यूटी केंद्रों पर लगा दी गई है। हाईस्कूल की कुल एक करोड़ 90 लाख कॉपियों का मूल्यांकन होना है। इसके लिए 79 हजार 64 परीक्षक लगाए गए हैं। वहीं, इंटरमीडिएट की एक करोड़ तीन लाख कॉपियां जांची जानी हैं और इसके लिए 45 हजार 732 परीक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है।

शासन की ओर से स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए गए हैं कि कॉपियों के मूल्यांकन का काम 15 दिनों में पूरा कर लिया जाए। हालांकि, मूल्यांकन शुरू होने में केवल पांच दिन बाकी रह गए हैं। वक्त कम बचा है और इस दौरान कॉपियों को मूल्यांकन केंद्रों में पहुंचाना भी है।