कमजोर बच्चों के बौद्धिक विकास के लिए लगेंगी अतिरिक्त कक्षाएं : आनंद

कमजोर बच्चों के बौद्धिक विकास के लिए लगेंगे अतिरिक्त कक्षाएं : आनंद

UPTET 2019: यूं करें यूपीटीईटी परीक्षा की तैयारी, जानें काम की बातें👇

यूपी के प्राथमिक विद्यालयों में टीचर बनने का सपना तभी पूरा होता है, जब बीएड व डीएलएड के अलावा शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) भी अच्छे अंकों से पास कर ली जाए। यह एक ऐसी परीक्षा है, जिसमें उम्मीदवारों की भारी भीड़ उमड़ती है। परीक्षा पास करने पर यह सर्टिफिकेट पांच साल के लिए मान्य होगा। इस परीक्षा के लिए तिथियां घोषित हो चुकी हैं। परीक्षा के एक महीने बाद रिजल्ट भी जारी हो जाएगा। इसमें बैठने के इच्छुक छात्र ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इस बार परीक्षा शुल्क में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है। पहले एक पेपर के लिए 500 व दोनों के लिए 1000 रुपये फीस ली जाती थी, वहीं इस साल यह बढ़कर क्रमश: 600 व 1200 रुपये हो गई है। 

दो स्तरों में होगी परीक्षा 
– प्राथमिक स्तर (कक्षा 1-5) 
– उच्च प्राथमिक स्तर (6-8) 

कब कर सकेंगे आवेदन 
इस परीक्षा में बैठने के लिए उम्मीदवारों को स्नातक की परीक्षा 50 प्रतिशत अंकों के साथ उत्तीर्ण होने के साथ-साथ बीएड अथवा डीएलएड उत्तीर्ण होना जरूरी है। इसमें प्रथम सेमेस्टर में अध्ययनरत छात्र भी आवेदन कर सकते हैं। इसके अलावा उसकी उम्र 18-40 वर्ष के बीच होनी जरूरी है। 
आवेदन में बरतें सावधानी 
इसमें आवेदन प्रक्रिया ऑनलाइन होने के कारण उम्मीदवार को सबसे पहले वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन कराना होगा। उसके बाद फोटो व हस्ताक्षर अपलोड और शुल्क जमा करना होगा। इसलिए आवेदन और फोटो से पूर्व छात्रों को अपनी फोटो व हस्ताक्षर स्कैन कराना होगा तथा उन्हें एक वैध ईमेल आईडी तैयार करनी होगी। अपने आवेदन में संशोधन के लिए उम्मीदवारों को एक मौका और मिलता है। 
प्राथमिक स्तर की परीक्षा 
प्राथमिक स्तर तक की कक्षाओं में पढ़ाना चाहते हैं तो इसके लिए प्राथमिक वर्ग में आवेदन करना होगा। इस परीक्षा की अवधि ढाई घंटे होगी। इसमें कुल 150 प्रश्न पूछे जाएंगे। सभी प्रश्नों के चार विकल्प होंगे। प्रत्येक प्रश्न के लिए एक अंक निर्धारित होगा। ये प्रश्न हिन्दी व अंग्रेजी दोनों माध्यमों में पूछे जाएंगे। इसमें निगेटिव मार्किंग नहीं है। पूछे जाने वाले प्रश्न पांच सेक्शनों से संबंधित हैं- बाल विकास एवं अभिज्ञान, भाषा-एक (हिन्दी), भाषा-दो (अंग्रेजी, संस्कृत अथवा उर्दू), गणित, पर्यावरणीय शिक्षा आदि। 
उच्च प्राथमिक स्तर का स्वरूप 
उच्च प्राथमिक स्तर की परीक्षा उन अभ्यर्थियों के लिए है, जो कक्षा 6 से 8 तक की कक्षाओं में पढ़ाने के इच्छुक हैं। इसकी भी अवधि ढाई घंटे की होगी तथा पूछे जाने वाले प्रश्नों की संख्या 150 होगी। यह परीक्षा प्राथमिक स्तर से थोड़ी भिन्न होती है। इसमें पूछे जाने वाले प्रश्न चार सेक्शनों जैसे- बाल विकास एवं अभिज्ञान, भाषा-एक (हिन्दी), भाषा-दो (अंग्रेजी, संस्कृत अथवा उर्दू), गणित व विज्ञान विषय अथवा सामाजिक अध्ययन विषय से संबंधित हैं।
 
तैयारी के आवश्यक टिप्स 
– प्रतिदिन पढ़ने की आदत विकसित करें 
– सभी सेक्शन को समान महत्व दें 
– कठिन सवालों के लिए समय बढ़ा दें 
– करेंट अफेयर्स पर भी अपडेट करें जानकारी 
– जो कठिन लगे, उस पर विशेषज्ञ की राय लें

 

वर्ष 2019-20 में परिषदीय विद्यालयों में खेल सामग्री हेतु धनराशि जारी, आवश्यक दिशानिर्देश सह जनपदवार आवंटन देखें👇

वर्ष 2019-20 में परिषदीय विद्यालयों में खेल सामग्री हेतु धनराशि जारी, आवश्यक दिशानिर्देश सह जनपदवार आवंटन देखें

Fatehpur : बेसिक शिक्षा के परिषदीय विद्यालयों का ढांचा खोखला, शिक्षकों में 190 कर रहें लिपिक का काम, बीईओ समेत 2068 शिक्षकों की कमी

इंटर के बाद दो वर्ष का प्रशिक्षण शिक्षक बनने के लिए मान्य : हाइकोर्ट ने बेसिक शिक्षा सेवा नियमावली 1981 की व्याख्या की